Multitask Unified Model (MUM) | 9th Google ranking signal Explained

इस आर्टिकल में हम MUM यानि Multitask Unified Model के बारे मे बात करेंगे, जो हमारी Google Ranking series का 9th आर्टिकल है. हमेशा की तरह हम आपको याद दिलाना चाहेंगे कि अगर आप इस सीरीज को सीधे इस आर्टिकल से शुरू कर रहे है तो आपको कुछ फायदा नहीं होगा. इसलिए जरुरी है कि आप इस 19 Google Ranking Signal की सीरीज के सभी आर्टिकल्स को पढ़िए, तभी आपको इसका पूरा फायदा मिल सकेगा.

Multitask Unified Model (MUM) | 9th Google ranking signal Explained

अगर आप इन सभी ranking signals को ध्यानपूर्वक स्टडी कर लेते हो तो आपको अपनी वेबसाइट को रैंक करवाने में ज्यादा मुश्किलों का सामना नहीं करना पड़ेगा क्यूंकि इसके बाद आप उन फक्टोर्स के बारे में जान जाओगे जिनका गूगल पर खुलकर बहुत कम डिस्कशन होता है और जो वाकई में इम्पोर्टेन्ट है.

हमने इस सीरीज में इन सभी Google Ranking Signals का वर्णन किया है जो  गूगल ने खुद Announce किये थे, जिसका ऑफिसियल लिंक ये ————- है. आईये अब जानते है कि ये MUM ( Multitask Unified Model) रैंकिंग सिग्नल क्या है, यह कैसे काम करता है और यह BERT Ranking signal और Chat GPT से किस तरह अलग है और ऐसी क्या चीज है जो MUM को इतना स्पेशल बनती है. 

MUM (Multitask Unified Model)

Multitask Unified Model (MUM) एक AI Model (Artificial Intelligence Model) है जिसे गूगल ने May 2021 को Interduce किया था और ये आने वाले सालो में गूगल सर्च को बहुत ज्यादा एफेक्ट करेगा.  MUM गूगल द्वारा निर्मित BERT से भी पावरफुल AI मॉडल है जो सिर्फ टेक्स्ट तक सीमित नहीं है बल्कि यूजर को उसकी quarry से रिलेटेड सभी Images, Videos, PDF और Infographics एक साथ सर्च रिजल्ट्स में दिखा सकता है. MUM ना सिर्फ गूगल सर्च को आने वाले सालो में बदल देगा बल्कि लोगो के इन्टरनेट पर सर्च करने के तरीके को भी बदल देगा.

History of AI (Artificial Intelligence) and ML (Machine Learning)

सबसे पहले गूगल ने इस Neural Network नाम के Architecture को इन्वेंट किया था. ये आर्किटेक्चर खास था क्यूंकि इसे जो भी टेक्स्ट दिया जाता था उसे ये एक बार में ही हज़म करके उस पर प्रतिक्रिया करता था. इससे पहले AI सर्च में RNN (Recurrent Neural Network) मॉडल को use किया जाता था जो टेक्स्ट को word by word समझता था.

Transformers की Specialty की वजह से उन्हें अरबो पेजेज के डेटा को fetch करने के लिए Trained करना आसान हो गया. तब गूगल को ये Realize हो गया कि इस टेक्नोलॉजी से AI का डेवलपमेंट फ़ास्ट हो सकता है, इसलिए उन्होंने इस टेक्नोलॉजी को Open Source कर दिया, मतलब अब जो चाहे वो इस टेक्नोलॉजी को Use कर सकता था.

इसी Transformers Architecture को इस्तेमाल करके Open AI की कंपनी ने GPT बनाया जिसके 3.5 Version के आधार पर Chat GPT आया है. गूगल ने खुद Transformers के base पर एक तरफ BERT और MUM को बनाया और दूसरी तरफ Lambda को बनाया.

Google Transformer base  BERT, MUM and Lambda model

Open AI का ये 3.5 Version जिस पर Chat GPT बना है ये टेक्स्ट जनरेशन मॉडल है और Chat GPT एक Chat Bot मॉडल है. गूगल का BERT और MUM एक Translation model है और Lambda एक chat Bot मॉडल है. ये सारे AI Models अलग-अलग Purpose के लिए बनाये गए है जो अलग-अलग काम करते है.

गूगल AI (Artificial Intelligence) और ML (Machine Learning) को सर्च मे कई जगहों पर इस्तेमाल करता है जैसे Google Ads में AI को यूज किया जाता है, GA4 में AI और ML का भारी यूज किया जाता है और OK Google का फंक्शन भी AI की बदोलत ही काम करता है. इसी के साथ जो ये Crawling और Indexing  के बहुत सारे काम है ये भी गूगल AI के जरिये ही करता है.

आगे हम आपको GPT vs MUM और BERT vs MUM के बारे में भी बतायेंगे जिससे आपको ये क्लियर हो जाये कि कौन सी अल्गोरिथ्न्म किस लिए Use होती है और ये कैसे एक दुसरे से अलग है –

अब हम अपने अभी हम टॉपिक पर वापिस आते है और MUM के कुछ स्पेसिफिक Features के बारे में जान लेते है जिनको आपके लिए जानना जरुरी है –

Specific Features of MUM

  • MUM is trained on 75+ Languages

MUM को 75 से भी ज्यादा भाषाओ के लिए Trained किया गया है और जब भी MUM को किसी नये टॉपिक पर Trained करना होता है जो वो एक बार में 75 भाषाओ को यूज कर सकता है और स्टडी तथा उनसे सीख सकता है. इतनी सारी भाषाओ को यूज करने का फायदा ये है कि मॉडल के पास जो डेटा है वो किसी एक लैंग्वेज या कल्चर तक सीमित नहीं है.

ऐसा नहीं है कि MUM सिर्फ इंग्लिश यूजर को बेस्ट सर्च रिजल्ट्स दिखायेगा और हमारी कंट्री के लिए ये सही काम नहीं करेगा और ना ही ये हमारे लिए उतने Accurate रिजल्ट्स दिखा पायेगा! ये सारी Languages को एक साथ Use करता है इसलिए सर्च रिजल्ट्स भी अच्छे ही होंगे.

  • MUM’s way of understanding the Language

आमतौर पर जब हम या कंप्यूटर जब किसी भाषा को सीखना चाहता है तो हम कोई ऐसा कंटेंट देखते है जो दोनों Languages में कॉमन हो. जैसे मान लीजिये आप Spanish को सीखना चाहते है तो आपको ऐसे कंटेंट कि जरुरत होगी जिसमे हर शब्द का हिंदी या इंग्लिश वाला नाम भी हो और साथ में उसका Spanish नाम भी हो ताकि आपको उस शब्द का मतलब अच्छे से समझ में आ जाये.

Hindi, English and Spanish Meaning of Water

लेकिन MUM किसी भाषा को तब भी समझ सकता है जब दो अलग-अलग भाषाओ के कॉमन वर्ड्स नहीं होते है. इसी पॉवर के बदोलत MUM बहुत सारी कम बोली जाने वाली भाषाओ को भी अच्छे से समझ लेता है.

  • MUM सिर्फ Languages को समझता नहीं है बल्कि उसे Generate भी कर सकता है. इसका अर्थ आपको अगले पॉइंट में अच्छे से समझ में आ जायेगा.
  • MUM एक Multimodal मॉडल है. यानी MUM सिर्फ टेक्स्ट तक लिमिटेड नहीं है  बल्कि ये Images, Videos, Screenshot, PDF या कही से भी ये इनफार्मेशन को उठा सकता है और उसे इस्तेमाल कर सकता है. इसी साल 2022 में गूगल ने एक नया सर्च फीचर लांच किया है जिसमे हम किसी भी इमेज के साथ टेक्स्ट को भी सर्च कर सकते है.

आप Google lens के जरिये किसी भी फोटो के साथ कुछ टेक्स्ट डालकर भी सर्च कर सकते है. ये सारे Features गूगल MUM की वजह से ही ला पा रहा है. Multitask Unified Model सिस्टम का प्राइमरी फंक्शन वैसे तो Translation है लेकिन इसकी वर्ड्स को समझने की योग्यता को कई तरीके से इस्तेमाल किया जा सकता है.

Other Uses of MUM System

Sentiment Analysis

कोई Image, Text, Video या Screenshot – पॉजिटिव है, नेगेटिव है, आक्रामक है , स्कैम है – ये सब पता लगाने का कम MUM आसानी से अरबो पेजेज में कर सकता है.

Making Summary

बड़े से बड़े कंटेंट या विडियो की summary बनाने का काम MUM बड़ी आसानी से कर सकता है.  Google Docs में गूगल ने एक फीचर लांच किया है जिसमे आप बड़े से कंटेंट की summary बना सकते है और इसके आलावा Google Ads में एक फंक्शन आया था जिसमे गूगल एक बड़े से विडियो में से Skippable Ads बना सकता है.

यहा पर जो टेक्स्ट और विडियो को समझने का काम है और उसके बाद उसे short version में बदल के पेश करने का काम गूगल MUM के जरिये ही कर रहा है.

Question/Answer

जैसा कि हमने आपको बताया है कि MUM 75 से भी ज्यादा भाषाओ को समझ सकता है और MUM इन सभी भाषाओ के सिर्फ टेक्स्ट को नहीं समझ सकता है बल्कि इनके Image, Text, Video या Screenshots को भी समझ सकता है और इस नॉलेज के आधार पर वो Questions के Answers कर सकता है.

अगर कोई यूजर इंग्लिश में कोई ऐसा सवाल पूछ रहा है जिसका जवाब गूगल को संस्कृत के किसी कंटेंट में मिला है तो ऐसे में MUM उस answer को इंग्लिश भाषा में कन्वर्ट करके यूजर को दिखा सकता है और ये सबकुछ कुछ Milliseconds में ही हो जायेगा.

इस तरह के जो पहले असंभव कार्य होते थे वे अब संभव हो गए है लेकिन कुछ Limited Way में ही ये पॉसिबल है और ये अब गूगल सर्च में मौजूद है. अब ये सब एक लिमिटेड वे में क्यों अवेलेबल है, इस पर हम आगे बात करेंगे-

Multitask Unified Model (MUM) को Announce करते वक्त गूगल ने बोला था कि MUM – BERT से 1000 गुना ज्यादा पावरफुल है. BERT भी एक Google Ranking Signal है जिसे में इस सीरीज के पहले आर्टिकल में कवर कर चुके है आप उसे वहां से समझ सकते है इसलिए हम BERT को यहाँ दोबारा एक्सप्लेन नहीं करंगे बल्कि कम सीधे BERT और MUM के बीच के अंतर को समझेंगे –

(Multitask Unified Model) MUM vs BERT

BERT

BERT किसी भी वर्ड या Phrase के मीनिंग को उससे पहले या बाद में आने वाले वर्ड के आधार पर समझता है. जैसे हम एक लाइन की मदद से इसे समझते है – ‘दादी _____खाके जाना’ अब इस लाइन के दो अर्थ हो सकते है, पहला – बच्चा अपनी दादी को बोल रहा है कि ‘दादी खाना खाके जाना ‘ और उसका दूसरा अर्थ ये भी हो सकता हो कि बड़ा पोता अपने छोटे भाई से कह रहा है कि ‘दादी को खाके जाना’

अब जाहिर है कि कोई इस दुसरे वाले मीनिंग के बारे में कभी भी नहीं सोचेगा लेकिन एक कंप्यूटर system के पास कोई माँ-बाप नहीं होते है इसलिए वो ऐसा सोच सकता है. यहाँ पर BERT ने ये समझ विकसित की कि अगर किसी लाइन में खाके जाना लिखा है  तो ये भी देखना है कि उससे पहले क्या लिखा हुआ है.

अगर ‘समोसा_____ खाके जाना’ लिखा है तो यहाँ पर ‘समोसा को खाके जाना’ आएगा लेकिन अगर ‘दादी ____खाके जाना’ लिखा है तो ‘दादी को खाके जाना’ नहीं आएगा बल्कि ‘दादी खाना खाके जाना’ आएगा  – ये सब समझने का काम BERT का होता है. ये जो वर्ड्स के बीच का भाव है ये BERT ने develope किया था.

MUM

MUM के काम करके का तरीका वहां से शुरू होता है जहाँ पर BERT की लिमिट खत्म हो जाती है. BERT टेक्स्ट तक लिमिटेड था लेकिन MUM यूजर की quarry को text, Images और Languages के बैरियर से आगे जाकर समझता है.

अगर आप BERT से पूछते है कि January में मनाली की ट्रिप के लिए क्या-क्या तैयारी करे  तो BERT आपकी Feelings को समझकर ऐसा कोई बढिया सा आर्टिकल देगा जिसमे आपकी मनाली की January ट्रिप की तैयारी की डिटेल्स दी हुई है लेकिन MUM आपकी इस quarry को और अच्छे से समझेगा और आपके लिए एक-एक जरुरी चीज खुद से suggest करके दे सकता है.

हो सकता है किसी एक आर्टिकल में आपकी quarry की सारी इनफार्मेशन ना हो तो MUM आपको एक ही सर्च रिजल्ट में आपकी quarry से रिलेटेड आर्टिकल, ब्लॉग, विडियो और प्रोडक्ट को खरीदने के लिनक्स दे सकता है ताकि आपको बार-बार सर्च ना करना पड़े. गूगल के according जब भी यूजर ऐसी कोई Complicated quarry सर्च करता है तो वो लगभग आठ बार सर्च करता है और गूगल का टारगेट हुई कि वो MUM के लांच होने के बाद आठ Searches की बजाय आपकी quarry को एक सर्च में हल कर दे.

इसलिए आपको MUM की हेल्प से सर्च रिजल्ट में वो सब चीजे मिलेगी जो आपकी quarry से रिलेटेडहै और जिनसे आपकी प्रॉब्लम Solve हो जाये. अब इसमें टेक्स्ट, इमेज, विडियो जैसा सभी प्रकार का कंटेंट शामिल है.  

ये हमने BERT और  MUM के बीच के डिफरेंस को समझा है अब हम MUM और GPT के बीचे के अंतर को भी एक बार समझ लेते है –

GPT vs MUM

इसलिए GPT का काम है पहले वर्ड के आधार पर नेक्स्ट वर्ड को Predict करना और MUM का काम है पुरे Sentence को समझकर गैप्स को फिल करना ताकि उस Sentence को पूरा किया जा सके.

Open AI के GPT का जन्म अगले वर्ड के प्रेडिक्शन (Prediction) के लिए हुआ था. GPT अपनी ट्रेनिंग के आधार पर ये समझ सकता है कि एक वर्ड के बाद दूसरा वर्ड क्या लिखना है और GPT इसमें काफी अच्छा भी है. अब MUM BERT से आगे की चीज है इसलिए MUM सिर्फ एक वर्ड सीमित नहीं रहता है. MUM भाव को समझकर किसी भी Sentence के किसी भी खाली स्थान को फिल कर सकता है.

अब MUM बहुत ज्यादा पावरफुल system है और इसीलिए गूगल अभी इसका Limited Way में ही use कर रहा है. MUM के अभी तीन सबसे बड़े Use है

  1. Covid से रिलेटेड न्यूज़ को दिखाने के लिए
  2. websites के Featured Snippets को दिखाने के लिए
  3. Google Lens के जरिये यूनिक Quarries के जवाब को देने के लिए

गूगल अभी धीरे-धीरे MUM को सर्च में ला रहा है क्यूंकि AI मॉडल्स के साथ सामान्यत: Accuracy की समस्या होती है और गूगल को पता है जब आप 8.5 बिलियन searches एक दें में हैंडल कर रहे हो तो एक छोटी सी गलती बहुत बड़े साइज़ में हो सकती है. यही कारण है कि गूगल MUM का इस्तेमाल धीरे-धीरे बढ़ा रहा है.

Last Words:

आपको अभी से इस नये बदलाव Multitask Unified Model को समझने की जरुरत है और अपनी वेबसाइट के कंटेंट को अभी से ही इस तरह से Optimized और Accurate रखे ताकि आगे चलकर आपको इस Google Ranking Signal – MUM से कोई नुकसान ना हो बल्कि आप उसका फायदा उठा सके.

अगर आप किसी quarry से रिलेटेड अपने एक ही पेज पर सारी सभी प्रकार की इनफार्मेशन रखेंगे तो गूगल का ये MUM system हर बार सर्च रिजल्ट्स में आपकी ही प्रॉपर्टी को दिखायेगा और ये तभी सम्भव है जब आप MUM के काम करने के तरीके को अच्छे से समझेंगे, जिससे कुल मिलकर आपको फायदा ही होगा.

Hello friends, I am the founder of Mahakal-Blog. Blogging is my profession and my interest is in getting information about new things and sharing it with people through blogging. Our motive behind creating this blog is that we can provide you important information related to blogging and digital marketing in very simple language Hindi.

Share For Support:

Leave a Comment